जो डाल टूट
के अभी -अभी
गिरी है
वो ना
पेड़ की रही
ना धरती की
ना आसमान की
वो डाल
अब कहाँ जाएगी
पेड़ भी
ठूठ हो जायेगा
परन्तु
वो कहाँ अपना
पायेगा ....
अपन ह्रदय से
टूटी डाल को
शायद वो
सुख जाएगी
या ले जायेगा
कोइ जंगली
जानवर उसे
और खा जायेगा
या फिर ..
कोइ उसे
धुप में पकायेगा
फिर जला देगा
कही वो
किसी मकान के
पाये से लग जाएगी
या जिवंत हो
जाएगी ..
किसी का घर
सजाएगी
वो टूटी डाल
कहाँ जाएगी ?
प्रिया मिश्रा :))
24
Excellent
ReplyDeletethank you g :))
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