जिंदगी जिए जा रहे हैं
पता नहीं क्यों जिए जा रहे हैं ?
इन्ही प्रश्नो का
उत्तर ढूंढना हैं
इसलिए फटी पड़ी
जिंदगी को रफू किये जा रहे हैं ||

प्रिया मिश्रा :)
 

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