समय और परिस्थितिया
आपका समय कैसा चल रहा हैं और दुसरो के पास कैसी परिस्थति हैं इस बात पर आपका मूल्याङ्कन होता हैं |
अगर आपका समय बुरा हैं और दूसरे का अच्छा तो आप का अस्वीकार होना स्वाभाविक हैं | क्यूंकि सामने वाले के पास आपसे अच्छा विकल्प हैं वो क्यों आपको लेगा ||
इस बात को ऐसे समझे |
आप के पास तीन गुलाब के फूल हैं
हरा
नीला
और पीला
और आपको इनमे से किसी एक को लेना ही लेना हैं वरना आपका स्वीकार होना मुश्किल हैं |
आप क्या करेंगे आपको तीनो ही नहीं पसंद , लेकिन एक लेना हैं |
आप तीनो को देखेंगे जैसे नीला और हरा आपको बिलकुल नहीं पसंद तो पीला गुलाब आपका विकल्प होगा |
इस समय पिले गुलाब का समय सही हैं और आपकी परिस्थितिया गलत |
अब आपके पास एक और विकल्प आ जाये एक और विकल्प उसमे डाल दिया जाये लाल गुलाब का |
अब आप क्या करेंगे अगर लाल गुलाब आपका पसंदीदा हो | आप लाल गुलाब को लेंगे | यहाँ पर पिले गुलाब को अस्वीकार किया जायेगा |
तो हमेसा याद रखे आप का कभी भी प्रतिस्थापन हो सकता हैं ||
आपका स्वीकार किया जाना सामने वाले की मज़बूरी भी हो सकती हैं |
ऐसे कभी अपना भाग्य न समझे ||
तो समय और परिस्थिति कभी भी बदल सकती हैं |
कोइ आपका अपना छोड़ के जा सकता हैं और कोइ पराया अपना भी सकता हैं |
कही से भी आप निलंबित किये जा सकते हैं और कही से आपको प्रस्ताव आ सकता हैं ||
ये आपका समय और दूसरे की परिस्थतिया निर्धारित करती हैं की आप क्या हैं ?
आपका मूल्याङ्कन आप नहीं कर सकते |
तो स्वयं को प्राथमिकता न दे जायदा |
सबको बराबर देखे |
गलतिया किसी से भी हो सकती हैं |
और समय किसी का भी बदल सकता हैं ||
प्रिया मिश्रा :)
आपका समय कैसा चल रहा हैं और दुसरो के पास कैसी परिस्थति हैं इस बात पर आपका मूल्याङ्कन होता हैं |
अगर आपका समय बुरा हैं और दूसरे का अच्छा तो आप का अस्वीकार होना स्वाभाविक हैं | क्यूंकि सामने वाले के पास आपसे अच्छा विकल्प हैं वो क्यों आपको लेगा ||
इस बात को ऐसे समझे |
आप के पास तीन गुलाब के फूल हैं
हरा
नीला
और पीला
और आपको इनमे से किसी एक को लेना ही लेना हैं वरना आपका स्वीकार होना मुश्किल हैं |
आप क्या करेंगे आपको तीनो ही नहीं पसंद , लेकिन एक लेना हैं |
आप तीनो को देखेंगे जैसे नीला और हरा आपको बिलकुल नहीं पसंद तो पीला गुलाब आपका विकल्प होगा |
इस समय पिले गुलाब का समय सही हैं और आपकी परिस्थितिया गलत |
अब आपके पास एक और विकल्प आ जाये एक और विकल्प उसमे डाल दिया जाये लाल गुलाब का |
अब आप क्या करेंगे अगर लाल गुलाब आपका पसंदीदा हो | आप लाल गुलाब को लेंगे | यहाँ पर पिले गुलाब को अस्वीकार किया जायेगा |
तो हमेसा याद रखे आप का कभी भी प्रतिस्थापन हो सकता हैं ||
आपका स्वीकार किया जाना सामने वाले की मज़बूरी भी हो सकती हैं |
ऐसे कभी अपना भाग्य न समझे ||
तो समय और परिस्थिति कभी भी बदल सकती हैं |
कोइ आपका अपना छोड़ के जा सकता हैं और कोइ पराया अपना भी सकता हैं |
कही से भी आप निलंबित किये जा सकते हैं और कही से आपको प्रस्ताव आ सकता हैं ||
ये आपका समय और दूसरे की परिस्थतिया निर्धारित करती हैं की आप क्या हैं ?
आपका मूल्याङ्कन आप नहीं कर सकते |
तो स्वयं को प्राथमिकता न दे जायदा |
सबको बराबर देखे |
गलतिया किसी से भी हो सकती हैं |
और समय किसी का भी बदल सकता हैं ||
प्रिया मिश्रा :)
U write nice
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